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कारगिल विजय दिवस 26.07.2021
कारगिल विजय दिवस पर रण-बांकुरों को नमन https://youtu.be/GoADlW7mMgY जो भरा नहीं है भावों से , बहती जिसमें रस-धार नहीं। वह हृदय नहीं है पत्थर है , जिसमें स्वदेश का प्यार नहीं॥ गया प्रसाद शुक्ल ‘सनेही’ जी द्वारा रचित ये पंक्तियां हमें स्मरण करवाती हैं कि देशभक्ति , देश के प्रति प्यार और सम्मान की भावना है। देशभक्त अपने देश के प्रति निःस्वार्थ प्रेम तथा उस पर गर्व करने के लिए जाने जाते हैं। देशभक्ति की भावना लोगों को एक-दूसरे के करीब लाती है। किसी भी व्यक्ति का देश के प्रति अमूल्य और निःस्वार्थ प्रेम और भक्ति , देशभक्ति की भावना को परिभाषित करती है। जो लोग सच्चे देशभक्त होते हैं , वे अपने देश के प्रति अपने प्राणों को न्योछावर करने से पीछे नहीं हटते। देश की आज़ादी के बाद अनेक ऐसे अवसर आए जब भारतीय सेना ने अपने अदम्य साहस , पराक्रम और शौर्य का परिचय देते हुए दुश्मन के दाँत खट्टे किए हैं ...
गणतंत्र दिवस 2021
गणतंत्र दिवस 2021 सादर नमस्कार , 72वें गणतंत्र दिवस की अनंत शुभकामनाएं... सब से विराट जनतंत्र जगत का आ पहुंचा , तैंतीस कोटि-हित सिंहासन तय करो अभिषेक आज राजा का नहीं , प्रजा का है , तैंतीस कोटि जनता के सिर पर मुकुट धरो। आरती लिये तू किसे ढूंढता है मूरख , मन्दिरों , राजप्रासादों में , तहखानों में ? देवता कहीं सड़कों पर गिट्टी तोड़ रहे , देवता मिलेंगे खेतों में , खलिहानों में। जी हाँ सबसे विराट जनतंत्र.... आ... 72वें.... के महोत्सव में आपका हार्दिक अभिनंदन गणतन्त्र दिवस (गणतंत्र दिवस) भारत का एक राष्ट्रीय पर्व है जो प्रति वर्ष 26 जनवरी को मनाया जाता है। इसी दिन सन् 1950 को भारत सरकार अधिनियम (एक्ट) (1935) को हटाकर भारत का संविधान लागू किया गया था। एक स्वतन्त्र गणराज्य बनने और देश में कानून का राज स्थापित करने के लिए संविधान को 26 नवम्बर 1949 को भारतीय संविधान सभा द्वारा अपनाया गया और 26 जनवरी 1950 को इसे एक लोकतान्त्रिक सरकार प्रणाली के साथ लागू किया गया था। 26 जनवरी को इसलिए चुना गया था क्योंकि 1930 में इसी दिन भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (आ...










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