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सत्र 2022-23
सत्र 2022-23 केंद्रीय विद्यालय पूर्वोत्तर रेलवे बरेली में धूमधाम से मनाया गया विश्व पृथ्वी दिवस विश्व पृथ्वी दिवस के अवसर पर केंद्रीय विद्यालय पूर्वोत्तर रेलवे बरेली में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। विद्यालय की प्रार्थना सभा में कुमारी अनन्या खंडूजा द्वारा विश्व पृथ्वी दिवस के महत्व के बारे में बताया गया। श्रीमती कंचन रावत स्नातकोत्तर शिक्षिका जीव विज्ञान ने पृथ्वी को स्वच्छ और संरक्षित रखने के उपायों पर चर्चा करते हुए कूड़ा-प्रबंधन पर विशेष बल दिया जिसमें कहकशां सैफ़ी, राफ़िया खान और यमुना युसुफ़ ने अलग-अलग प्रकार के कूड़े को अलग-अलग प्रकार के कूड़ेदान में डालने के महत्व पर चर्चा की। विद्यालय की उप प्राचार्य श्रीमती मीना राणा ने अनन्या खंडूजा को पुरस्कृत किया तथा उन्होंने दैनिक कार्य व्यवहार में पृथ्वी पर मौजूद सभी जीव जंतुओं की रक्षा करते हुए संयमित और व्यवस्थित जीवन बिताने का संदेश दिया। तत्पश्चात विद्यार्थियों के लिए एक सेमीनार का आयोजन किया गया । सेमिनार के विशिष्ट अतिथि डॉक्टर बृजपाल सिंह , अध्यक्ष , कृषि विज्ञान केंद्र , आई.वी.आर.आई. , बरेली और मुख्यवक्ता श्र...
राष्ट्रीय एकता दिवस 2021
राष्ट्रीय एकता दिवस 2021 राष्ट्रीय एकता और अखंडता: समय की पुकार भारत अनेक धर्मों , जातियों और भाषाओं का देश है। धर्म , जाति एवं भाषाओं की दृष्टि से विविधता होते हुए भी भारत में प्राचीन काल से ही एकता की भावना विद्यमान रही है। जब कभी किसी ने उस एकता को खंडित करने का प्रयास किया है। भारत का एक-एक नागरिक सजग हो कर राष्ट्रीय एकता को खंडित करने वाली शक्तियों के विरुद्ध खड़ा होने को तत्पर हुआ है। राष्ट्रीय एकता हमारे राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक है और जिस व्यक्ति को अपने राष्ट्रीय गौरव पर अभिमान नहीं है , वह नर नहीं नर-पशु है। जिसको न निज गौरव तथा निज देश का अभिमान है। वह नर नहीं नर पशु निरा है और मृतक समान है। राष्ट्रीय एकता का अभिप्राय हैं संपूर्ण भारत की आर्थिक , सामाजिक , राजनीतिक और वैचारिक एकता। हमारे कर्म-कांड , पूजा-पाठ , खान-पान , रहन-सहन और वेशभूषा में अंतर हो सकता है , किंतु हमारे राजनीतिक और वैचारिक दृष्टिकोण में एकता होनी चाहिए। इस प्रकार अनेकता में एकता ही भारत की प्रमुख विशेषता है। एकता भावनात्मक शब्द है , जिसका अर्थ है- एक होने का भाव। देश का सामाजिक , सांस्कृतिक ,...








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